पाकिस्तान का शांतिदूत वाला पल भारत के वैश्विक नेतृत्व के लिए एक चुनौती
नई दिल्ली राजनयिक स्वायत्तता पर ध्यान केंद्रित कर अपनी साख वापस लाए
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2026-04-23 11:30 UTC
अमेरिका और ईरान के बीच एक कूटनीतिक मध्यस्थ के रूप में पाकिस्तान के उभरने से दक्षिण एशिया के रणनीतिक समीकरण में एक अप्रत्याशित पहलू जुड़ गया है। एक ऐसा देश जिसे वैश्विक चर्चाओं में अक्सर आंतरिक अस्थिरता और क्षेत्रीय तनावों से जोड़ा जाता रहा है, उसकी यह नयी भूमिका — चाहे इसे ठोस मध्यस्थता माना जाए या केवल कूटनीति को सुगम बनाने का प्रयास — ने इस्लामाबाद के लिए एक प्रतीकात्मक पूंजी अर्जित की है।